Wings Of Fire A. P. J. Abdul Kalam
मै à¤à¤• गहरा कà¥à¤‚आ हूठइस ज़मीन पर बेशà¥à¤®à¤¾à¤° लड़के
लड़कियों के लिठकि उनकी पà¥à¤¯à¤¾à¤¸ बà¥à¤à¤¾à¤¤à¤¾ रहूà¤. उसकी
बेपनाह रहमत उसी तरह ज़रे ज़रà¥à¤°à¥‡ पर बरसती है जैसे कà¥à¤‚वा
सबकी पà¥à¤¯à¤¾à¤¸ बà¥à¤à¤¾à¤¤à¤¾ है. इतनी सी कहानी है मेरी,
जैनà¥à¤²à¤¬à¥à¤¦à¥€à¤¨ और आशिंअमà¥à¤®à¤¾ के बेटे की कहानी. उस
लड़के की कहानी जो अखबारे बेचकर अपने à¤à¤¾à¤ˆ की
मदद करता था. उस शागिरà¥à¤¦ की कहानी जिसकी
परवरिश शिव सà¥à¤¬à¥à¤¯à¤®à¤¾à¤¨à¤¿à¤¯à¤® अयà¥à¤¯à¤° और आना
दोरायिसोलोमन ने की. उस विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¥€ की कहानी जिसे
पेंडà¥à¤²à¥‡ मासà¥à¤Ÿà¤° ने तालीम दी, à¤à¤®à¥.जी.के. मेनन और
पà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¸à¤° साराà¤à¤¾à¤ˆ ने इंजीनियर की पहचान दी. जो
नाकामियों और मà¥à¤¶à¥à¤•à¤¿à¤²à¥‹à¤‚ में पलकर सायिनà¥à¤¸à¥à¤¦à¤¾à¤¨ बना
और उस रहनà¥à¤®à¤¾ की कहानी जिसके साथ चलने वाले
बेशà¥à¤®à¤¾à¤° काबिल और हà¥à¤¨à¤°à¤®à¤‚द लोगों की टीम थी.